“गुरुकुल इंटरनेशनल सीनियर सेकेंडरी स्कूल सोलन में व्यवसाय अध्ययन पर दो दिवसीय शिक्षक कार्यशाला सम्पन्न”
|
😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊
|
गुरुकुल इंटरनेशनल सीनियर सेकेंडरी स्कू, सोलन में ‘व्यवसाय अध्ययन’ पर दो दिवसीय कार्यशाला: शिक्षकों के लिए ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायक अनुभव
दिनांक 7 और 8 जून 2025 को गुरुकुल इंटरनेशनल सीनियर सेकेंडरी स्कूल, सोलन में सी.बी.एस.ई. सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (सी.ओ.ई.) पंचकूला के सौजन्य से वरिष्ठ माध्यमिक स्तर पर “व्यवसाय अध्ययन” विषय हेतु दो दिवसीय शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस शैक्षणिक कार्यशाला में हिमाचल प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों से आए शिक्षकों ने भाग लेकर इसे एक सफल एवं समृद्ध अनुभव बनाया।
कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य व्यवसाय अध्ययन को अधिक प्रभावशाली, छात्र-केंद्रित, मूल्यनिष्ठ और व्यावहारिक बनाने की दिशा में शिक्षकों को नवीनतम शैक्षणिक दृष्टिकोण, मूल्यांकन के नए तरीकों और सी.बी.एस.ई. की वर्तमान दिशा-निर्देशों से सशक्त रूप से जोड़ना था।
इस प्रशिक्षण सत्र का नेतृत्व दो अनुभवी एवं विषय विशेषज्ञ प्रशिक्षकों ने किया। पहली प्रशिक्षक डॉ. लखविंदर अरोड़ा, जो गुरुकुल इंटरनेशनल सीनियर सेकेंडरी स्कूल, सोलन की प्रधानाचार्या हैं, शिक्षा के क्षेत्र में वर्ष 1996 से सक्रिय हैं और 2010 से प्रशासनिक भूमिका निभा रही हैं। वह सी.बी.एस.ई. द्वारा नामित उप-जिला समन्वयिका के साथ-साथ एन.सी.ई.आर.टी. और यूनेस्को के सहयोग से चलाए जा रहे “स्कूल स्वास्थ्य एवं कल्याण कार्यक्रम” की मास्टर ट्रेनर भी हैं। शैक्षणिक उत्कृष्टता के साथ-साथ वह भाषण, वाद-विवाद और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर गर्ल गाइड प्रतिनिधित्व जैसे विविध क्षेत्रों में सक्रिय रही हैं।
दूसरे प्रशिक्षक श्री नवदीप भंडारी, एक अनुभवी प्रधानाचार्य एवं जिला प्रशिक्षण समन्वयक के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। उन्होंने शिक्षकों को केस स्टडीज, मूल्य आधारित अध्यापन, प्रश्न निर्माण तकनीक, और छात्रों की विश्लेषणात्मक क्षमता को उभारने वाली शैक्षणिक विधियों से अवगत कराया।
कार्यशाला के दौरान शिक्षकों ने ग्रुप डिस्कशन, केस एनालिसिस, मूल्यांकन आधारित शिक्षण, स्वास्थ्य एवं कल्याण शिक्षा को विषयों में समाहित करने जैसी विविध शैक्षणिक गतिविधियों में भाग लिया। प्रश्नोत्तरी, प्रस्तुतियाँ और सामूहिक चर्चाएं इस सत्र को अत्यंत संवादात्मक और उत्साहवर्धक बनाती रहीं।
कार्यक्रम के अंत में फीडबैक सत्र का आयोजन हुआ, जिसमें प्रतिभागियों ने इस कार्यशाला को अत्यधिक लाभकारी और ज्ञानवर्धक बताया। शिक्षकों ने कहा कि यह अनुभव न केवल उनके विषय ज्ञान को समृद्ध करने वाला रहा, बल्कि उन्हें एक संवेदनशील और प्रभावशाली शिक्षक बनने की दिशा में भी प्रेरित करता है।
प्रतिभागियों ने सी.बी.एस.ई., सी.ओ.ई. पंचकूला, दोनों प्रशिक्षकों और आयोजक विद्यालय गुरुकुल इंटरनेशनल स्कूल का आभार प्रकट करते हुए भविष्य में भी इस प्रकार के आयोजन की अपेक्षा जताई।
|
Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें |
Advertising Space





