नमस्कार 🙏 हमारे न्यूज पोर्टल - मे आपका स्वागत हैं ,यहाँ आपको हमेशा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे +91 70187 41157 ,हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें , पौधारोपण भावी पीढ़ियों की जिम्मेदारी: राज्यपाल – भारतीय नेशनल न्यूज

पौधारोपण भावी पीढ़ियों की जिम्मेदारी: राज्यपाल

😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊

847/2026 शिमला 9 अगस्त, 2026

पौधारोपण केवल अभियान नहीं, भावी पीढ़ियों के लिए जिम्मेदारी: राज्यपाल

राज्यपाल कविंदर गुप्ता ने कहा कि पौधारोपण को महज एक आयोजन तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि इसे मानवता के सुरक्षित और बेहतर भविष्य के प्रति जिम्मेदारी के रूप में अपनाना चाहिए। आज लगाया गया प्रत्येक पौधा आने वाली पीढ़ियों के लिए एक महत्वपूर्ण विरासत बन सकता है।

राज्यपाल रविवार को सोलन जिले के समलेच गांव में सभ्य रि-फॉरेस्टर्स द्वारा आयोजित 11वें वार्षिक पौधारोपण अभियान के शुभारंभ अवसर पर संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि पेड़-पौधे जीवन के आधार हैं। वे स्वच्छ वायु उपलब्ध कराने के साथ-साथ जल संरक्षण, जैव विविधता के संरक्षण और पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

उन्होंने कहा कि पौधा लगाना केवल शुरुआत है। उसकी वास्तविक सार्थकता तब है, जब उसकी नियमित देखभाल कर उसे सुरक्षित रखा जाए और वह एक स्वस्थ वृक्ष का रूप ले। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं से पर्यावरण संरक्षण को अपनी दिनचर्या और जीवनशैली का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।

कविंदर गुप्ता ने कहा कि भारतीय सभ्यता में प्रकृति को सदैव सम्मान और पवित्रता का स्थान दिया गया है। देश की सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक परंपराओं में पर्यावरण संरक्षण की भावना गहराई से जुड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के घने वन, हिमालयी क्षेत्र, नदियां और समृद्ध जैव विविधता पूरे क्षेत्र के पारिस्थितिक संतुलन में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।

उन्होंने कहा कि हिमालयी पारिस्थितिकी तंत्र की रक्षा केवल हिमाचल प्रदेश की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसके लिए पूरे देश को मिलकर प्रयास करने की आवश्यकता है।

जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभावों पर चिंता व्यक्त करते हुए राज्यपाल ने अनियमित वर्षा, बादल फटने की घटनाओं, भूस्खलन, ग्लेशियरों के सिकुड़ने और बढ़ते तापमान का उल्लेख किया। उन्होंने पर्यावरणीय क्षति को कम करने तथा प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयासों पर जोर दिया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान का उल्लेख करते हुए राज्यपाल ने कहा कि इस पहल ने पर्यावरण संरक्षण को व्यापक जनभागीदारी वाले अभियान का रूप देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने लोगों से वनीकरण, जल संरक्षण, नवीकरणीय ऊर्जा के उपयोग, स्वच्छता, जैव विविधता संरक्षण और एकल-उपयोग प्लास्टिक में कमी लाने जैसे प्रयासों में सक्रिय भागीदारी करने का आग्रह किया।

उन्होंने स्कूलों, कॉलेजों, पंचायतों, शहरी स्थानीय निकायों, उद्योगों और स्वयंसेवी संगठनों से पर्यावरण संरक्षण को अपनी सामाजिक जिम्मेदारियों का अभिन्न हिस्सा बनाने का आह्वान किया।

इस अवसर पर राज्यपाल ने अभियान के तहत आयोजित चित्रकला और प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित भी किया।

विशेष अतिथि श्याम जाजू ने पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में सभ्य रि-फॉरेस्टर्स द्वारा पिछले 11 वर्षों से किए जा रहे निरंतर प्रयासों की सराहना की। उन्होंने विशेष रूप से लगाए गए पौधों की देखभाल और उनके संरक्षण पर संगठन द्वारा दिए जा रहे ध्यान की प्रशंसा की।

कार्यक्रम के दौरान स्कूली विद्यार्थियों ने पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने वाली लघु नाटिका और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए।

कार्यक्रम में उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा, पुलिस अधीक्षक एस.डी. वर्मा, जिला परिषद अध्यक्ष शीला कुमारी, नगर निगम सोलन की मेयर सुषमा शर्मा, पार्षदगण, सभ्य रि-फॉरेस्टर्स के अध्यक्ष अजय, महासचिव रिपु दमन सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

847/2026 शिमला 9 अगस्त, 2026

पौधारोपण केवल अभियान नहीं, भावी पीढ़ियों के लिए जिम्मेदारी: राज्यपाल

राज्यपाल कविंदर गुप्ता ने कहा कि पौधारोपण को महज एक आयोजन तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि इसे मानवता के सुरक्षित और बेहतर भविष्य के प्रति जिम्मेदारी के रूप में अपनाना चाहिए। आज लगाया गया प्रत्येक पौधा आने वाली पीढ़ियों के लिए एक महत्वपूर्ण विरासत बन सकता है।

राज्यपाल रविवार को सोलन जिले के समलेच गांव में सभ्य रि-फॉरेस्टर्स द्वारा आयोजित 11वें वार्षिक पौधारोपण अभियान के शुभारंभ अवसर पर संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि पेड़-पौधे जीवन के आधार हैं। वे स्वच्छ वायु उपलब्ध कराने के साथ-साथ जल संरक्षण, जैव विविधता के संरक्षण और पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

उन्होंने कहा कि पौधा लगाना केवल शुरुआत है। उसकी वास्तविक सार्थकता तब है, जब उसकी नियमित देखभाल कर उसे सुरक्षित रखा जाए और वह एक स्वस्थ वृक्ष का रूप ले। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं से पर्यावरण संरक्षण को अपनी दिनचर्या और जीवनशैली का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।

कविंदर गुप्ता ने कहा कि भारतीय सभ्यता में प्रकृति को सदैव सम्मान और पवित्रता का स्थान दिया गया है। देश की सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक परंपराओं में पर्यावरण संरक्षण की भावना गहराई से जुड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के घने वन, हिमालयी क्षेत्र, नदियां और समृद्ध जैव विविधता पूरे क्षेत्र के पारिस्थितिक संतुलन में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।

उन्होंने कहा कि हिमालयी पारिस्थितिकी तंत्र की रक्षा केवल हिमाचल प्रदेश की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसके लिए पूरे देश को मिलकर प्रयास करने की आवश्यकता है।

जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभावों पर चिंता व्यक्त करते हुए राज्यपाल ने अनियमित वर्षा, बादल फटने की घटनाओं, भूस्खलन, ग्लेशियरों के सिकुड़ने और बढ़ते तापमान का उल्लेख किया। उन्होंने पर्यावरणीय क्षति को कम करने तथा प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयासों पर जोर दिया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान का उल्लेख करते हुए राज्यपाल ने कहा कि इस पहल ने पर्यावरण संरक्षण को व्यापक जनभागीदारी वाले अभियान का रूप देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने लोगों से वनीकरण, जल संरक्षण, नवीकरणीय ऊर्जा के उपयोग, स्वच्छता, जैव विविधता संरक्षण और एकल-उपयोग प्लास्टिक में कमी लाने जैसे प्रयासों में सक्रिय भागीदारी करने का आग्रह किया।

उन्होंने स्कूलों, कॉलेजों, पंचायतों, शहरी स्थानीय निकायों, उद्योगों और स्वयंसेवी संगठनों से पर्यावरण संरक्षण को अपनी सामाजिक जिम्मेदारियों का अभिन्न हिस्सा बनाने का आह्वान किया।

इस अवसर पर राज्यपाल ने अभियान के तहत आयोजित चित्रकला और प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित भी किया।

विशेष अतिथि श्याम जाजू ने पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में सभ्य रि-फॉरेस्टर्स द्वारा पिछले 11 वर्षों से किए जा रहे निरंतर प्रयासों की सराहना की। उन्होंने विशेष रूप से लगाए गए पौधों की देखभाल और उनके संरक्षण पर संगठन द्वारा दिए जा रहे ध्यान की प्रशंसा की।

कार्यक्रम के दौरान स्कूली विद्यार्थियों ने पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने वाली लघु नाटिका और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए।

कार्यक्रम में उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा, पुलिस अधीक्षक एस.डी. वर्मा, जिला परिषद अध्यक्ष शीला कुमारी, नगर निगम सोलन की मेयर सुषमा शर्मा, पार्षदगण, सभ्य रि-फॉरेस्टर्स के अध्यक्ष अजय, महासचिव रिपु दमन सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें 

Advertising Space


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे.

Donate Now

लाइव कैलेंडर

August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31