नमस्कार 🙏 हमारे न्यूज पोर्टल - मे आपका स्वागत हैं ,यहाँ आपको हमेशा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे +91 70187 41157 ,हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें , विपक्ष का आरोप: कांग्रेस नेताओं के भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए दी गई विमल नेगी की ‘कुर्बानी’ – जयराम ठाकुर – भारतीय नेशनल न्यूज

विपक्ष का आरोप: कांग्रेस नेताओं के भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए दी गई विमल नेगी की ‘कुर्बानी’ – जयराम ठाकुर

😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊

शिमला: हिमाचल प्रदेश में पुलिस विभाग और प्रशासन से जुड़े चल रहे विवादों के बीच नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने दावा किया कि राज्य में फैले व्यापक भ्रष्टाचार को दबाने की कोशिश में एक ईमानदार अधिकारी, विमल नेगी, की जान गई। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार ने अपने नेताओं को बचाने के लिए “एक कुर्बानी” दी और अंदेशा जताया कि भविष्य में ऐसी और घटनाएं हो सकती हैं।

मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग

जयराम ठाकुर ने कहा कि पूरे विपक्ष ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से इस्तीफा मांगा है। उनका आरोप है कि नेगी प्रकरण में सरकार ने सच्चाई को छिपाने की कोशिश की और पीड़ित परिवार को न्याय से वंचित रखा गया। ठाकुर ने कहा कि सीएम बार-बार यह कह रहे थे कि परिवार ने सीबीआई जांच की मांग नहीं की, जबकि हाल ही में आए          हाईकोर्ट के आदेश से स्पष्ट हो गया है कि परिवार इस जांच के पक्ष में था।

भ्रष्टाचार का बड़ा आरोप – 13 करोड़ की संदिग्ध भुगतान

ठाकुर ने एक बड़े घोटाले का दावा करते हुए कहा कि पेखुबेला सोलर प्रोजेक्ट में नियम के अनुसार कुल 22 करोड़ रुपये की कटौती होनी थी, लेकिन अधिकारियों पर दबाव डालकर 13 करोड़ रुपये की भुगतान करवाई गई। उन्होंने इस पूरे मामले को नेगी की मृत्यु से जोड़ते हुए कहा कि संभवतः यही वजह रही होगी जिससे वह मानसिक दबाव में आ गए।

पुलिस महकमे में अनुशासनहीनता का आरोप

जयराम ठाकुर ने पुलिस अधीक्षक शिमला पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि वे सरकार के संरक्षण में काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिस तरह एसपी ने डीजीपी के खिलाफ खुली प्रेस कॉन्फ्रेंस की, उससे साफ होता है कि वे सत्ता के इशारे पर काम कर रहे हैं। डीजीपी द्वारा कोर्ट में दिए गए हलफनामे में एसपी पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। इसके साथ ही उन्होंने एडवोकेट जनरल और एसपी पर न्यायालय के आदेशों की अवमानना करने का आरोप लगाया और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की।

नेगी केस में 8 प्रमुख मांगे रखीं

जयराम ठाकुर ने सरकार के सामने निम्नलिखित प्रमुख मांगे रखीं:

  1. जिन अधिकारियों ने दस्तावेजों से छेड़छाड़ की है, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

  2. कांग्रेस के जिन नेताओं को संरक्षण मिला है, उन पर भी कार्रवाई हो।

  3. नेगी की फॉरेंसिक रिपोर्ट में पेन ड्राइव फॉर्मेट होने का खुलासा हुआ है – इसकी उच्चस्तरीय जांच हो।

  4. पेन ड्राइव लेकर जाने वाले एएसआई पंकज की भूमिका स्पष्ट की जाए।

  5. अगर पंकज को जान का खतरा है तो सुरक्षा क्यों मांगी जा रही है, इसकी जांच हो।

  6. जांच निष्पक्ष होनी चाहिए और हिमाचल पुलिस के किसी अधिकारी को इसमें शामिल न किया जाए।

  7. हाईकोर्ट के आदेशों का पूरी तरह पालन हो।

  8. सीबीआई जैसी एजेंसी पर सरकार को भरोसा करना चाहिए क्योंकि वही निष्पक्ष जांच कर सकती है।

नेगी की मौत: आत्महत्या या हत्या?

जयराम ठाकुर ने अंत में सबसे बड़ा सवाल खड़ा किया – “क्या यह आत्महत्या थी या किसी बड़ी साजिश का हिस्सा?” उन्होंने कहा कि जब तक इस सवाल का साफ जवाब नहीं आता, तब तक जनता और पीड़ित परिवार को न्याय नहीं मिलेगा।

Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें 

Advertising Space


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे.

Donate Now

लाइव कैलेंडर

May 2026
M T W T F S S
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031