भरमौर की बदहाल स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर हाई कोर्ट पहुंचे विधायक डॉ जनक राज
|
😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊
|
शिमला: भरमौर से भाजपा विधायक डॉ जनक राज ने एक प्रेस वार्ता में कहा कि उन्होंने अपने क्षेत्र में चरमराती स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर हिमाचल प्रदेश सरकार के खिलाफ हाई कोर्ट में याचिका दायर की है, जिसकी अगली सुनवाई 28 मई को निर्धारित है। उन्होंने बताया कि इस गंभीर समस्या को वे पहले भी विधानसभा, मीडिया और सोशल मीडिया के माध्यम से उठा चुके हैं, लेकिन स्वास्थ्य मंत्री और विधानसभा अध्यक्ष द्वारा आश्वासन देने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, जिसके चलते उन्हें न्यायालय का रुख करना पड़ा।
भरमौर में विकास ठप पड़ा है: डॉ जनक राज
डॉ जनक राज का कहना है कि भरमौर विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्य पूरी तरह ठप पड़े हैं। स्वास्थ्य ढांचा पूरी तरह से जर्जर हो चुका है, जिससे आम जनता बुरी तरह प्रभावित हो रही है। उन्होंने मीडिया को आमंत्रित करते हुए कहा कि वे भरमौर आकर खुद देख सकते हैं कि क्षेत्र किस तरह से बुनियादी सुविधाओं से वंचित है। भरमौर, होली, खिलाफ, चूड़ी, मंडल, जगत और गैरोला जैसे क्षेत्रों में एक भी डॉक्टर नियुक्त नहीं है, जबकि पूरे क्षेत्र में केवल दो डॉक्टर सेवाएं दे रहे हैं। अन्य विभागों में भी अधिकांश पद खाली हैं।
मुख्यमंत्री की घोषणाएं बनीं खोखले वादे: जनक
डॉ जनक राज ने मुख्यमंत्री के भरमौर दौरे को पूरी तरह विफल बताया और कहा कि उनकी घोषणाओं में से एक भी धरातल पर नहीं उतर पाई है। दौरे के दौरान जल्दबाजी में की गई घोषणाएं केवल जनता को भ्रमित करने के लिए थीं। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री केवल झूठे वादे कर रहे हैं और लोगों की समस्याओं की अनदेखी कर रहे हैं।
प्रशासनिक उपेक्षा से भी त्रस्त है भरमौर: विधायक का आरोप
विधायक का कहना है कि भरमौर को न केवल सरकार बल्कि प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा भी नजरअंदाज किया जा रहा है। सड़क निर्माण, जलापूर्ति और अन्य बुनियादी सुविधाओं के कार्य ठप पड़े हैं और अधिकारी भी इन समस्याओं को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसा लगता है कि अधिकारी भी राजनीतिक दबाव में काम कर रहे हैं।
डॉ जनक राज ने भरोसा जताया कि भाजपा ही वह पार्टी है जो दूरदराज के क्षेत्रों की समस्याओं को हल करने के लिए प्रतिबद्ध है।
|
Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें |
Advertising Space





